हल्लू हल्लू रेंगव हो दुलहा बाबू
तुंहर रनिया के अंग झन डोलै हो
कुंवर कुंवर पग धरौ हो दुलही नोनी
तुंहर रजवा के अंग झन डोलै हो
पहली भांवर जनकपूरी म, परत हे
राम सिया के, परत हे वो
दूजे भांवर हिमालय म, परत हे
उमा भोले के, परत हे वो
#
तीजे चौथे वो नोनी खेले कूदे, अंगना अउ
पढ़े लिखे अंगना
पंचमी सिखायेंव रांधे गढ़े बर
बेटी छठ आगे तोरे सजना
#
सात भांवर पर गे अब चल देबे बेटी
सात जनम बर तैं पिया के गांव हो
हल्लू हल्लू रेंगव हो दुलहा बाबू
तुंहर रनिया के अंग झन डोलै हो
हल्लू हल्लू रेंगव वो कुंवर बाबू
कुंवर कुंवर पग धरौ हो दुलही नोनी
तुंहर रजवा के अंग झन डोलै हो
✍ लेखक: -
🎤 प्रस्तुतकर्ता: KK CASSETTE
हमारे मोबाइल ऐप के साथ छत्तीसगढ़ी लिरिक्स का आनंद लें
अगर आप अपने चैनल, कला मंच, रामायण मंडली, धुमाल, बाजा, प्रोडक्ट, सर्विस या किसी भी प्रकार के विज्ञापन को बड़ी ऑडियंस तक पहुँचाना चाहते हैं, तो आप हमारी वेबसाइट पर आसानी से विज्ञापन दे सकते हैं। बेहतर पहुँच, सस्ता रेट और 100% ऑर्गेनिक यूज़र्स!
क्या आप एक सिंगर या लेखक हैं या लिरिक्स लिखने का शौक रखते हैं? अपनी लिरिक्स शेयर करें और हजारों लोगों तक पहुँचें। अपनी रचनात्मकता को एक नया मंच दें और अपने लेखन से लाखों लोगों को प्रेरित करें।
Search CG Song Lyrics